टीकमगढ़। मध्यप्रदेश शासन एवं पुलिस मुख्यालय, भोपाल के निर्देशानुसार जिले में संचालित “नशे से दूरी, है जरूरी” जन-जागरूकता अभियान के अंतर्गत 20 जुलाई 2025 को टीकमगढ़ पुलिस द्वारा जिलेभर में व्यापक स्तर पर जन-जागरूकता से संबंधित गतिविधियाँ आयोजित की गईं।
इस अभियान का सफल संचालन पुलिस अधीक्षक मनोहर सिंह मंडलोई के नेतृत्व में किया गया, जिसमें अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विक्रम सिंह कुशवाह एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (एसडीओपी) टीकमगढ़/जतारा का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।
अभियान की प्रमुख गतिविधियाँ
मानव श्रृंखला का गठन :-
जिले के समस्त थानों एवं चौकियों द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्र के सार्वजनिक स्थलों पर नागरिकों—विशेषतः युवाओं, महिलाओं तथा वरिष्ठ जनों—की भागीदारी से मानव श्रृंखला का आयोजन किया गया। इस पहल का उद्देश्य सामाजिक एकता के माध्यम से नशा विरोधी संदेश को जन-जन तक पहुँचाना रहा।
जन-जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन :
विभिन्न स्थानों पर आयोजित जागरूकता सत्रों में पुलिस अधिकारियों द्वारा निम्न बिंदुओं पर संवाद एवं चर्चा की गई:-
🔸नशे के प्रकार (जैसे तंबाकू, शराब, अफीम, गांजा, अन्य मादक पदार्थ)
🔸नशे के दुष्प्रभाव — मानसिक, सामाजिक व आर्थिक स्तर पर पड़ने वाले प्रभाव
🔸नशा छोड़ने के उपाय — परामर्श केंद्रों, चिकित्सीय सहायता एवं सामुदायिक सहयोग की भूमिका
🔸कानूनी परिप्रेक्ष्य — अवैध नशीले पदार्थों की खरीद, बिक्री एवं सेवन पर दंडात्मक प्रावधान
🔺शपथ ग्रहण समारोह :-
प्रतिभागियों को नशा मुक्त जीवन जीने एवं समाज को नशा मुक्त बनाने की सामूहिक शपथ दिलाई गई। यह शपथ जनमानस में सकारात्मक बदलाव लाने के उद्देश्य से प्रेरणास्रोत बनी।
पुलिस अधीक्षक की अपील
पुलिस अधीक्षक मनोहर सिंह मंडलोई ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि—
"नशे की गिरफ्त एक सामाजिक बुराई है, जिससे केवल व्यक्ति ही नहीं, पूरा परिवार और समाज प्रभावित होता है। अतः प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह इस अभियान में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करे और नशा मुक्त समाज की दिशा में सशक्त योगदान दे।"
अभियान संदेश
टीकमगढ़ पुलिस इस अभियान के माध्यम से समाज के प्रत्येक वर्ग तक यह संदेश पहुँचाने हेतु संकल्पित है कि
“स्वस्थ जीवनशैली, नशा मुक्त समाज की नींव है।”
इस हेतु जनसहयोग आवश्यक है। नागरिकगण इस मुहिम में अपनी सहभागिता देकर समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने हेतु आगे आएँ।

