विज्ञान प्र्रदर्शनी से छात्र छात्रओं में विज्ञान के प्रति बढ़ेगी रुचि : विज्ञान संचारक
शुभ न्यूज महोबा। ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यालयों में विज्ञान की लोकप्रिय बनाने तथा विज्ञान और प्रौद्योगिकी में हो रहे विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए शहर के सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कालेज महोबा में मंगलवार को आंचलिक विज्ञान नगरी लखनऊ द्वारा विज्ञान प्रर्दशनी का आयोजन किया गया। इस प्रदर्शनी दौरान विद्यार्थियों को विज्ञान आधारित फिल्म विज्ञान व्याख्यान प्रदर्शन भी आयोजित की गई। इस मौके पर मानव जीवन में प्रयोग होने वाली आवश्यक उत्पादन और ऊर्जा के महत्व पर प्रकाश डाला गया। प्रदर्शनी की विद्यालय के समस्त आचार्य छात्र छात्राओं ने विद्यार्थियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए प्रदर्शनी का लाभ उठाया।
विद्यालय में आयोजित प्रदर्शनी में आंचलिक विज्ञान नगरी लखनऊ से आई टीम के प्रमुख आशू (विज्ञान संचारक), प्रेम तिवारी, अशीष कुमार ने छात्र छात्राओं को विज्ञान से संबंधित अनेक प्रयोग व्याख्यान दिखाकर विज्ञान के कई सिद्धांतों को बड़े ही सरल तरीके से समझाया। विज्ञान संचारक ने बताया कि उक्त विज्ञान प्रदर्शनी के आयोजन से ग्रामीण समुदायों, विशेषकर स्कूली बच्चों एवं शिक्षकों में निश्चित ही विज्ञान के प्रति रुचि एवं जिज्ञासा जागृत करने की भावना का प्रचार एवं प्रसार होगा। बताया कि आंचलिक विज्ञान नगरी एक इकाई है जो कि भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के अधीन कार्यरत है। केंद्र का मुख्य उद्देश्य विज्ञान का प्रचार के साथ प्रसार करना है जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यालयों में विज्ञान की लोकप्रिय बनाने तथा विज्ञान और प्रौद्योगिकी में हो रहे विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके। प्रदर्शनी दौरान विद्यार्थियों को विज्ञान आधारित फिल्म विज्ञान व्याख्यान प्रदर्शन भी आयोजित किये गए।
इस प्रदर्शनी के माध्यम से बताया गया कि ऊर्जा मानव जाति की जीवन रेखा है और हमारे जीवन के हर पहलू में यह उपयोग होती है। घरेलू उपयोग से लेकर परिवहन, उद्योग, उत्पादन और संचार तक ऊर्जा का महत्व अनिवार्य है, इसके बिना हम अपने जीवन को आसान और सुविधाजनक बनाने में असफल रहेंगे। इसलिए ऊर्जा का संरक्षण और नए स्रोत ढूंढने की आवश्यकता है, ताकि हमारे जीवन की गुणवत्ता और सुविधाएं बनी रही। इस अवसर पर क्षेत्र के गणमान्य व्यक्तियों के साथ विद्यालय के प्रधानाचार्य कमलेश सिंह जी, आचार्य जयनारायण, संगीताचार्य जगप्रसाद, गिरीश, आदित्य, सुनील, रविन्द्र, अरुण श्रीमाली सहित विद्यालयके आचार्य व छात्र छात्राएं मौजूद रही।


